Likho
  • Latest
  • Popular
  • Video

vo din hi kya jisme tera jikr na ho vo sham hi kya jisme tera fikr na ho takalif to hai zindagi mein mager tere siva kaun hai apna jise bina kah rah na sku ©pooja devnath

#Likho  vo din hi kya jisme tera jikr na ho 
vo sham hi kya jisme tera fikr na ho
takalif to hai zindagi mein mager 
tere siva kaun hai apna
 jise bina kah rah na sku

©pooja devnath

#Likho good morning love images one sided love shayari fake love wallpaper Aaj Ka Panchang sad love shayari

18 Love

पल्लव की डायरी मनमानी का समीकरण उथल पुथल मचा रहा है नैतिकता संवेदना मारकर सत्ता का चाल चरित्र बिगाड़ा जा रहा है लोकतंत्र के स्तम्भ बदनाम करके शक्ति शाली नेता को किया जा रहा है दुखदर्द जनता का गया तेल लेने कानूनों और टैक्सो का बोझ लादा जा रहा है घर परिवार को संकट में डालकर जीने का अधिकार छीना जा रहा है प्रवीण जैन पल्लव ©Praveen Jain "पल्लव"

#कविता #Likho  पल्लव की डायरी
मनमानी का समीकरण 
उथल पुथल मचा रहा है
नैतिकता संवेदना मारकर
सत्ता का चाल चरित्र बिगाड़ा जा रहा है
लोकतंत्र के स्तम्भ बदनाम करके
शक्ति शाली नेता को किया जा रहा है
दुखदर्द जनता का गया तेल लेने
कानूनों और टैक्सो का बोझ लादा जा रहा है
घर परिवार को संकट में डालकर
जीने का अधिकार छीना जा रहा है
                                 प्रवीण जैन पल्लव

©Praveen Jain "पल्लव"

#Likho जीने का अधिकार छीना जा रहा है

22 Love

तन की प्रीत भई जग को इसलिए शोक,क्रोध, प्रेम,घृणा सब मन्हार  जो देखा अंतर्मन से मन को  हुए भवसागर से पार,वो जीत गए संसार।। ©लेखक ओझा

#Bhakti #Likho  तन की प्रीत भई जग को
इसलिए शोक,क्रोध, प्रेम,घृणा सब मन्हार 
जो देखा अंतर्मन से मन को
 हुए भवसागर से पार,वो जीत गए संसार।।

©लेखक ओझा

#Likho

15 Love

विश्व कविता दिवस आखिरी द्वार तक जाके लौट, आयी कविता....!! मन का गुब्बार लेकर लौट, आयी कविता ....!! कलम को चुप कराने की, कोशिशें बहुत की ठेकेदारों ने..!! मासूम बच्चों की चीखों के, नीचें कुचली गई कविता....!! ©Jyoti Mishra

#कविता #विश्व  विश्व कविता दिवस 
आखिरी द्वार तक जाके लौट, 
आयी कविता....!!
मन का गुब्बार लेकर लौट,
 आयी कविता ....!!
कलम को चुप कराने की,
कोशिशें बहुत की ठेकेदारों ने..!!
मासूम बच्चों की चीखों के,
नीचें कुचली गई कविता....!!

©Jyoti Mishra

#विश्व कविता दिवस✍️✍️❤️

13 Love

हाय! तू कहते रहे , हाल ये दिल अपने । और लोग सुनकर कहते है, आह! क्या बात कही तुमने । सोचा कोई समझ जाए मेरी भाव को , पर लोग और बहका दिए दिल की आग को। ©प्रतिमा कुमार यादव

#शायरी #Likho  हाय! तू कहते रहे ,
हाल ये दिल अपने ।
और लोग सुनकर कहते है,
आह! क्या बात कही तुमने ।
सोचा कोई समझ जाए मेरी भाव को ,
पर लोग और बहका दिए दिल की आग को।

©प्रतिमा कुमार यादव

#Likho

12 Love

कुछ लोगों मे "मैं" की बीमारी होती है हम ही सही ऐसी खुमारी होती है संभल जाइए हुजूर ये इल्तिज़ा है, हमारी वक्त के थप्पड़ की गूंज बड़ी भारी होती है ©Rajesh Sharma

#Likho  कुछ लोगों मे "मैं" की 
बीमारी होती है
हम ही सही 
ऐसी खुमारी होती है
संभल जाइए हुजूर
ये इल्तिज़ा है, हमारी
वक्त के थप्पड़ की गूंज
बड़ी भारी होती है

©Rajesh Sharma

#Likho कुछ लोगों मे मैं को बीमारी होती है

17 Love

Trending Topic