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मै चुरा लेना चाहती हूं उन नज्मों और गजलों में लिखे एहसासों को जो बड़े करीने से किसी ने लिखे है किसी के लिए मै महसूस करना चाहती हूं उस इश्क को जो मुझे हुआ नहीं पहले कभी किसी से ©Poonam

#कविता #नज़्म #poonam_Singh #गजल #freebird  मै चुरा लेना चाहती हूं
उन नज्मों और गजलों में
लिखे एहसासों को
जो बड़े करीने से
किसी ने लिखे है किसी के लिए

मै महसूस करना चाहती हूं
उस इश्क को
जो मुझे हुआ नहीं
पहले कभी किसी से

©Poonam

White अब जो बाजार में रखे हो तो हैरत क्या है। जो भी देखेगा वो पूछेगा की कीमत क्या है। राहत इंदौरी ©Narinder Jog

#शायरी #ग़ज़ल #sad_shayari #लव  White अब  जो बाजार  में रखे हो तो हैरत क्या है। 
जो भी देखेगा वो पूछेगा की कीमत क्या है। 

                                         राहत इंदौरी

©Narinder Jog

White सरशार (नज़्म)= उन्मत्त हर शख़्स का अक़्स फ़रेब से सरशार सा लगता है यहां हर शख़्स का अक़्स नावाकफ़ बेइंतहा बड़ा लगता है, फ़रेबियत की बस्ती की ईमारत ऊंची बड़ी दिखती है ज़ज्बातों को तलाशना ईमारतों में ईमानदारी का मुश्किल बड़ा लगता है, दिन ब दिन बढ़ रही है बस्ती फ़रेबियत की ऐसी बचा कर खुद को तरु रखना मुश्किल बड़ा लगता है, गुरुर ए सरशार है दिखता हर शख़्स का अक़्स तरु कौन है अपना तलाशना मुश्किल बड़ा लगता है, तरुणा शर्मा तरु राधे राधे 🙏 🥀 🥀 ©संस्कृत लेखिका तरुणा शर्मा तरु

#कवितावाचिका #wellwisher_taru #शायरी #nojotohindi #Trending  White  सरशार (नज़्म)= उन्मत्त 
 हर शख़्स का अक़्स फ़रेब से सरशार सा लगता है 
यहां हर शख़्स का अक़्स  नावाकफ़ बेइंतहा बड़ा लगता है,

फ़रेबियत की बस्ती की ईमारत ऊंची बड़ी दिखती है 
ज़ज्बातों को तलाशना ईमारतों में ईमानदारी का 
मुश्किल बड़ा लगता है,

दिन ब दिन बढ़ रही है बस्ती फ़रेबियत की ऐसी 
बचा कर खुद को तरु रखना मुश्किल बड़ा लगता है,

गुरुर ए सरशार है दिखता हर शख़्स का अक़्स तरु 
कौन है अपना तलाशना मुश्किल बड़ा लगता है,

तरुणा शर्मा तरु राधे राधे 🙏 🥀 🥀

©संस्कृत लेखिका तरुणा शर्मा तरु

स्वलिखित नज़्म #wellwisher_taru #Nojoto #poetry #Life #nojotohindi #Trending #writer #कवितावाचिका #शायरी #City

21 Love

White ये चली हैं जो अंधियां, फ्रैबों की तेरे अंदर। आंधियों का रुख बदलने का हुनर है मेरे अंदर। ये मत सोच लेना के मैं चुप करके बैठ गया, अभी है चिंगारी सच्चाई की मेरे अंदर। नरेंद्र जोग ©Narinder Jog

#ग़ज़ल #शायरी #sad_quotes  White ये  चली  हैं  जो अंधियां, फ्रैबों  की   तेरे  अंदर।
आंधियों का रुख बदलने का हुनर  है मेरे अंदर।

ये  मत  सोच  लेना  के मैं  चुप करके  बैठ  गया,
अभी   है   चिंगारी   सच्चाई    की   मेरे   अंदर।
 
                                                नरेंद्र जोग

©Narinder Jog

green-leaves सुनो मुझे तुम से पूछना है की.... तुमने बीज़ रूपी अधूरे नज़्मों की जो फ़सल अपने मन के काग़ज़ पर बोई हैं.... क्या मुझे मेरी परवाह के पानी, भरोसे की खाद और चाहतों की रौशनी से सींच कर हरी—भरी पूरी ग़ज़ल बनाने का हक़ दोगे क्या? ©Chanchal Chaturvedi

#ग़ज़ल #Chanchal_mann #GreenLeaves #Dream  green-leaves  सुनो मुझे तुम से पूछना है की....

तुमने बीज़ रूपी अधूरे 
नज़्मों की जो फ़सल अपने 
मन के काग़ज़ पर बोई हैं....

क्या मुझे मेरी परवाह के पानी, 
भरोसे की खाद और चाहतों की 
रौशनी से सींच कर हरी—भरी 
पूरी ग़ज़ल बनाने का हक़ दोगे क्या?

©Chanchal Chaturvedi

White इश्क़ मुक़म्मल हो मैं ये वादा नहीं करता हद से ज्यादा मैं खुद से इरादा नहीं करता । तू तो मुझको अपनी जान समझती है किस मुंह से कह दूं कि नाता नहीं रखता। बड़ी फरेबी है दुनिया सारी खुद को समझा ले इश्क़ में रहकर कोइ शादी का वादा नहीं करता। ©prashant farrukhabadi

 White इश्क़ मुक़म्मल हो मैं ये वादा नहीं करता 
हद से ज्यादा मैं खुद से इरादा  नहीं करता ।

तू तो मुझको अपनी जान समझती है 
किस मुंह से कह दूं कि नाता नहीं रखता।

बड़ी फरेबी है दुनिया सारी खुद को समझा ले 
इश्क़ में रहकर कोइ शादी का वादा नहीं करता।

©prashant farrukhabadi

#sad_shayari #SAD ##ग़ज़ल

10 Love

मै चुरा लेना चाहती हूं उन नज्मों और गजलों में लिखे एहसासों को जो बड़े करीने से किसी ने लिखे है किसी के लिए मै महसूस करना चाहती हूं उस इश्क को जो मुझे हुआ नहीं पहले कभी किसी से ©Poonam

#कविता #नज़्म #poonam_Singh #गजल #freebird  मै चुरा लेना चाहती हूं
उन नज्मों और गजलों में
लिखे एहसासों को
जो बड़े करीने से
किसी ने लिखे है किसी के लिए

मै महसूस करना चाहती हूं
उस इश्क को
जो मुझे हुआ नहीं
पहले कभी किसी से

©Poonam

White अब जो बाजार में रखे हो तो हैरत क्या है। जो भी देखेगा वो पूछेगा की कीमत क्या है। राहत इंदौरी ©Narinder Jog

#शायरी #ग़ज़ल #sad_shayari #लव  White अब  जो बाजार  में रखे हो तो हैरत क्या है। 
जो भी देखेगा वो पूछेगा की कीमत क्या है। 

                                         राहत इंदौरी

©Narinder Jog

White सरशार (नज़्म)= उन्मत्त हर शख़्स का अक़्स फ़रेब से सरशार सा लगता है यहां हर शख़्स का अक़्स नावाकफ़ बेइंतहा बड़ा लगता है, फ़रेबियत की बस्ती की ईमारत ऊंची बड़ी दिखती है ज़ज्बातों को तलाशना ईमारतों में ईमानदारी का मुश्किल बड़ा लगता है, दिन ब दिन बढ़ रही है बस्ती फ़रेबियत की ऐसी बचा कर खुद को तरु रखना मुश्किल बड़ा लगता है, गुरुर ए सरशार है दिखता हर शख़्स का अक़्स तरु कौन है अपना तलाशना मुश्किल बड़ा लगता है, तरुणा शर्मा तरु राधे राधे 🙏 🥀 🥀 ©संस्कृत लेखिका तरुणा शर्मा तरु

#कवितावाचिका #wellwisher_taru #शायरी #nojotohindi #Trending  White  सरशार (नज़्म)= उन्मत्त 
 हर शख़्स का अक़्स फ़रेब से सरशार सा लगता है 
यहां हर शख़्स का अक़्स  नावाकफ़ बेइंतहा बड़ा लगता है,

फ़रेबियत की बस्ती की ईमारत ऊंची बड़ी दिखती है 
ज़ज्बातों को तलाशना ईमारतों में ईमानदारी का 
मुश्किल बड़ा लगता है,

दिन ब दिन बढ़ रही है बस्ती फ़रेबियत की ऐसी 
बचा कर खुद को तरु रखना मुश्किल बड़ा लगता है,

गुरुर ए सरशार है दिखता हर शख़्स का अक़्स तरु 
कौन है अपना तलाशना मुश्किल बड़ा लगता है,

तरुणा शर्मा तरु राधे राधे 🙏 🥀 🥀

©संस्कृत लेखिका तरुणा शर्मा तरु

स्वलिखित नज़्म #wellwisher_taru #Nojoto #poetry #Life #nojotohindi #Trending #writer #कवितावाचिका #शायरी #City

21 Love

White ये चली हैं जो अंधियां, फ्रैबों की तेरे अंदर। आंधियों का रुख बदलने का हुनर है मेरे अंदर। ये मत सोच लेना के मैं चुप करके बैठ गया, अभी है चिंगारी सच्चाई की मेरे अंदर। नरेंद्र जोग ©Narinder Jog

#ग़ज़ल #शायरी #sad_quotes  White ये  चली  हैं  जो अंधियां, फ्रैबों  की   तेरे  अंदर।
आंधियों का रुख बदलने का हुनर  है मेरे अंदर।

ये  मत  सोच  लेना  के मैं  चुप करके  बैठ  गया,
अभी   है   चिंगारी   सच्चाई    की   मेरे   अंदर।
 
                                                नरेंद्र जोग

©Narinder Jog

green-leaves सुनो मुझे तुम से पूछना है की.... तुमने बीज़ रूपी अधूरे नज़्मों की जो फ़सल अपने मन के काग़ज़ पर बोई हैं.... क्या मुझे मेरी परवाह के पानी, भरोसे की खाद और चाहतों की रौशनी से सींच कर हरी—भरी पूरी ग़ज़ल बनाने का हक़ दोगे क्या? ©Chanchal Chaturvedi

#ग़ज़ल #Chanchal_mann #GreenLeaves #Dream  green-leaves  सुनो मुझे तुम से पूछना है की....

तुमने बीज़ रूपी अधूरे 
नज़्मों की जो फ़सल अपने 
मन के काग़ज़ पर बोई हैं....

क्या मुझे मेरी परवाह के पानी, 
भरोसे की खाद और चाहतों की 
रौशनी से सींच कर हरी—भरी 
पूरी ग़ज़ल बनाने का हक़ दोगे क्या?

©Chanchal Chaturvedi

White इश्क़ मुक़म्मल हो मैं ये वादा नहीं करता हद से ज्यादा मैं खुद से इरादा नहीं करता । तू तो मुझको अपनी जान समझती है किस मुंह से कह दूं कि नाता नहीं रखता। बड़ी फरेबी है दुनिया सारी खुद को समझा ले इश्क़ में रहकर कोइ शादी का वादा नहीं करता। ©prashant farrukhabadi

 White इश्क़ मुक़म्मल हो मैं ये वादा नहीं करता 
हद से ज्यादा मैं खुद से इरादा  नहीं करता ।

तू तो मुझको अपनी जान समझती है 
किस मुंह से कह दूं कि नाता नहीं रखता।

बड़ी फरेबी है दुनिया सारी खुद को समझा ले 
इश्क़ में रहकर कोइ शादी का वादा नहीं करता।

©prashant farrukhabadi

#sad_shayari #SAD ##ग़ज़ल

10 Love

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