Tarun Rastogi kalamkar

Tarun Rastogi kalamkar

  • Latest
  • Popular
  • Repost
  • Video

महापर्व शिव रात्रि मिलकर आज मनाए। बेलपत्र व भांग धतूरा शिव को भोग लगाए। जन जन में छाई खुशियांपावन है त्योहार, शिव गौरा के चरणों में अपना शीश झुकाए।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#महाशिवरात्रि #Bhakti  महापर्व शिव रात्रि मिलकर आज मनाए।
बेलपत्र व भांग धतूरा शिव को भोग लगाए।
जन जन में छाई खुशियांपावन है त्योहार,
शिव गौरा के चरणों में  अपना शीश झुकाए।।

©Tarun Rastogi kalamkar

दुनिया शिव का कर रही, सावन में श्रृंगार। चहूंदिशा में हो रही, भोले की जयकार।। भोले की जयकार, हमारे शिव है देवा। चरणों में रख ध्यान, करे सब शिव की सेवा।। करने जल अभिषेक, चले हैं मुन्ना मुनिया। पावन यह त्यौहार, मनाती सारी दुनिया।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#शिवरात्रि #Bhakti  दुनिया शिव का कर रही,
सावन में श्रृंगार।
चहूंदिशा में हो रही,
भोले की जयकार।।
भोले की जयकार, 
हमारे शिव है देवा।
चरणों में रख ध्यान,
करे सब शिव की सेवा।।
करने जल अभिषेक, 
चले हैं मुन्ना मुनिया।
पावन यह त्यौहार,
मनाती सारी दुनिया।।

©Tarun Rastogi kalamkar

White खड़ा हिमालय शान से,अपना सीना तान। भारत माँ के है मुकुट,भारत का अभिमान।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#भारत_की_शान #Motivational  White खड़ा हिमालय शान से,अपना सीना तान।
भारत माँ के है मुकुट,भारत का अभिमान।।

©Tarun Rastogi kalamkar

यार बचपन की वो बातें चलो फिर से दोहराते हैं । बनाकर कागज़ की कश्ती उसे फिर से चलाते हैं। हुई है जमकर के बारिश भरा आंगन में है पानी, बनाकर हाथ को चप्पू नाव आगे बढ़ाते हैं।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#कागज_की_कश्ती  यार बचपन की वो बातें चलो फिर से दोहराते हैं ।
बनाकर कागज़ की कश्ती उसे फिर से चलाते हैं।
हुई है जमकर के बारिश भरा आंगन में है पानी,
बनाकर हाथ को चप्पू  नाव आगे बढ़ाते हैं।।

©Tarun Rastogi kalamkar

White भूलकर अपने गमों को मुस्कुराना सीख लो। जात पात को भूल कर प्यार करना सीख लो। कौन किसके साथ जाता सब यही रह जाएगा , चार दिन की जिंदगी हैखुशियों से जीना सीख लो।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#खुशियाँ  White भूलकर अपने गमों को मुस्कुराना सीख लो।
जात पात को भूल कर प्यार करना सीख लो।
कौन किसके साथ जाता सब यही रह जाएगा ,
चार दिन की जिंदगी हैखुशियों से जीना सीख लो।।

©Tarun Rastogi kalamkar

माँ की ममता का नहीं, होता कोई मोल। उससे मिलते प्रेम को, नहीं तराजू तोल।। ©Tarun Rastogi kalamkar

#माँ_की_ममता  माँ की ममता का नहीं, होता कोई मोल।
उससे मिलते प्रेम को, नहीं तराजू तोल।।

©Tarun Rastogi kalamkar
Trending Topic